47 काहाकाय मालीक आमुह ज्यो उकुम आपेल हे, "मी तुवाह बिगेर यहुदिन केरता उजालो ठेरायेल हे, काय आखी देरती वोचाड़ाय जाय।"
47 काहाकाय मालीक आमुह ज्यो उकुम आपेल हे, "मी तुवाह बिगेर यहुदिन केरता उजालो ठेरायेल हे, काय आखी देरती वोचाड़ाय जाय।"