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योहन 20

मगदमरियम मसदरशन

11 परमरियम कब़ा हर खड़ी रही. उनोंे-ककर कब़ा दर ांा. 12 उनोंि िपर मसशव रखा, वहां सफ़ेकपड़ों ें वरगदैं—एक िऔर सर.

13 उनोंउनसा, "ों रहो?"

उनोंउततर िा, "रभयहां गए ैं और ैं नहीं नति उनोंउनें कहां रखै." 14 यह कहकर वह ़ीं मसखड़े िंवह पहचसकीं ि वह मसैं.

15 मसउनसा, "ों रहो? िरहो?"

उनोंउनें समझकर कहा, "यदि आप उनें यहां उठगए ैं बतिि आपनउनें कहां रखि ैं उनें ं."

16 इस पर मसे, "मरियम!"

अपनवह ़ीं और उनें इबें कर कह"रबी!" (अरवर.)

17 मसउनसकहा, "पकड़े मत रहो, ोंि ैं अब तक िऊपर नहीं गयूं, िंइयों कर िकर ो, ैं अपनिऔर ितथअपनपरमवर और परमवर ऊपर रहूं.’ "

18 मगदमरियम आकर िों मनषणी: "ैंरभै." और उसनिों वह सब बता, रभउससकहा.

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