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मत्तियाह 8

शमन

23 जब उनोंें रविउनकिउनकि. 24 अचनक ें ऐसरचउठि लहरों ांिा, िंइस समय रहे. 25 इस पर िों कर उनें जगकहा, "रभु, हमरकि, हम रहैं!"

26 उनसकहा, "ों डर रहो, अलपवििो!" वह उठऔर उनोंऔर ांा, और उसषण ांि गई.

27 िरह गए, और िकरनलगे, "िरकयकि ैं ि और तक इनकआजलन करतैं!"

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