बहुंत खराप बेस्या
1 तब जऊन सात स्वरगदूतमन सात ठन कटोरा धरे रिहिन, ओमा के एक झन मोर करा आईस अऊ कहिस, "आ, मेंह तोला ओ बड़े बेस्या के दंड ला देखाहूं, जऊन ह कतको पानीमन ऊपर बईठे हवय। 2 ओकर संग धरती के राजामन छिनारी करे हवंय अऊ धरती के मनखेमन ओकर छिनारीपन के मंद ला पीके मतवाला हो गे हवंय।"
3 तब ओ स्वरगदूत ह मोला आतमा म एक ठन सुनसान जगह म ले गीस। उहां मेंह एक झन माईलोगन ला सिन्दूरी लाल रंग के एक पसु ऊपर बईठे देखेंव। पसु के जम्मो देहें म खराप नांवमन लिखाय रहंय, अऊ ओकर सात ठन मुड़ अऊ दस ठन सींग रहय। 4 ओ माईलोगन ह बैंगनी अऊ सिन्दूरी लाल रंग के कपड़ा पहिरे रहय अऊ सोन, कीमती पथरा अऊ मोतीमन ले सजे रहय। ओह अपन हांथ म एक ठन सोन के कटोरा धरे रहय। ओ कटोरा ह घिन-घिन चीज अऊ ओकर छिनारीपन के गंदगी ले भरे रहय।