16 काबरकि तुमन कुनकुना हवव, न ठंडा अऊ न तात; एकरसेति मेंह तुमन ला अपन मुहूं ले उछर दूहूं। 17 तुमन कहिथव कि तुमन धनवान अव; तुम्हर करा संपत्ति हवय, अऊ तुमन ला कोनो चीज के जरूरत नइं ए। पर तुमन ये नइं जानत हव कि तुमन अभागा, दयनीय, गरीब, अंधरा अऊ नंगरा अव।
Publicidade