23 "एकरसत, यद तह बद म अपन भट चघवत हस अऊ उह तल सरत आथ क तर भई क मन म तर बरध म कछ हवय, 24 त उह बद क आघ म अपन भट ल छड द अऊ पहल अपन भई कर ज अऊ ओकर सग मल-मलप कर, तब आ अऊ अपन भट ल चघ।
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23 "एकरसत, यद तह बद म अपन भट चघवत हस अऊ उह तल सरत आथ क तर भई क मन म तर बरध म कछ हवय, 24 त उह बद क आघ म अपन भट ल छड द अऊ पहल अपन भई कर ज अऊ ओकर सग मल-मलप कर, तब आ अऊ अपन भट ल चघ।