5 पहले मैंने तेरे बारे में सिर्फ़ सुना था, लेकिन अब मेरी अपनी आँखों ने तुझे देखा है।
अय्यूब अपने दोस्तों की शफ़ाअत करता है
7 अय्यूब से यह तमाम बातें कहने के बाद रब इलीफ़ज़ तेमानी से हमकलाम हुआ, "मैं तुझसे और तेरे दो दोस्तों से ग़ुस्से हूँ, क्योंकि गो मेरे बंदे अय्यूब ने मेरे बारे में दुरुस्त बातें कीं मगर तुमने ऐसा नहीं किया।
10 और जब अय्यूब ने दोस्तों की शफ़ाअत की तो रब ने उसे इतनी बरकत दी कि आख़िरकार उसे पहले की निसबत दुगनी दौलत हासिल हुई।