25 तक़रीबन तीन बजे रात के वक़्त ईसा पानी पर चलते हुए उनके पास आया। 26 जब शागिर्दों ने उसे झील की सतह पर चलते हुए देखा तो उन्होंने दहशत खाई। "यह कोई भूत है," उन्होंने कहा और डर के मारे चीख़ें मारने लगे।
27 लेकिन ईसा फ़ौरन उनसे मुख़ातिब होकर बोला, "हौसला रखो! मैं ही हूँ। मत घबराओ।"