परख और लाल़च
12 धन्य ए से माणूं, जो परीक्षा रे टिके रा रओआ, कऊँकि तेस परीक्षा रे पास ऊई की अनन्त जिन्दगिया रा मुकट पाणा, जेतेरा वादा परमेशरे आपणे प्यार करने वाल़ेया साथे करी राखेया। 13 जेबे केसी री परीक्षा ओ, तो से ये नि बोलो, "मेरी परीक्षा परमेशरो री तरफा ते ओई।" कऊँकि ना तो बुरी गल्ला रे परमेशरो री परीक्षा ऊई सकोई और ना ई से केसी री परीक्षा आपू करोआ। 14 पर हर माणूं आपणी ई इच्छा रे खिंजी की और फसी की परीक्षा रे पड़ोआ। 15 तेबे इच्छा गर्भवती ऊई की पापो खे जमाओई और जेबे पाप बड़ी जाओआ तो मौता खे पैदा करोआ।