भुरसु करने वाळा साते कसु वेहवार करनु चाहजे तेरी सीकापण
1 काहना बी डाहला माणसे काजे लड़जी घुण, बाकुन तीनाक बास जाणीन समजाड़ देजी, ने जुवान काजे भायस जाणीन समजाड़ देजी। 2 ने डाहली बायरा काजे आयस जाणीन समजाड़ देजी; ने जुवान बायरा काजे चुखला वीच्यार सी बहणीस जाणीन समजाड़ देजी।