11 तब वहाँ एकथो जन्नी मनैया रहे, जिहिहे अठार सालसे अपाहिज करुइया भूत्वा लागल रहिस। ऊ कुब्री होगिल रहे और ऊ सोझे होके ठरह्याई नै सेके। 12 येशू उहिहे देख्लाँ और बलाके कलाँ, "ए नारी, तैँ अपन कुब्रीपनसे मुक्त होगिले।" 13 तब् येशू ओकरमे अपन हाँथ धरलाँ ते ऊ जुरतेहेँ सोझ होगिल, और परमेश्वरके प्रशंसा करे लागल।