6 क्युकी कोय ने बोली खे या गवय दी हइ, ते इन्सान को हइ कि तू ओकी याद करस हइ या इन्सान को हइ कि तू ओकी चिन्ता करस हइ.
6 क्युकी कोय ने बोली खे या गवय दी हइ, ते इन्सान को हइ कि तू ओकी याद करस हइ या इन्सान को हइ कि तू ओकी चिन्ता करस हइ.