41 वोने पाच रोटी अरु दो मंछी ली अरु स्वर्ग का तरप करी अरु आशिर्वाद माग्यो अरु पाच रोटि तोडी अरु वोने सेवक होन खे देतो गयो की वे उनखे बाटी दे, अरु वोमे दो मंछी खे भी वुन मे बाटी दे. 42 अरु सब ने खायो अरु धन्य हुया. 43 वुनने रोटी का तुकडा अरु मंछी से भरी हुइ बारा टोपली उठइ.