Pular para o conteúdo
Publicidade

Proverbs 27

1 आनकल िषय ें ीं,

ोंि नहीं नति वह ििकर आएगा।

2 रशसरकरकरे,

परआप करना;

अनकरकरे,

परअपनरशकरना।

3 पतथर और वज़नदै,

परइन ों ै।

4 रकभयनक और समै,

परईरमनिसकतै?

5 ाँ, ्‍उततम ै।

6 िलगि्‍सयैं,

परअधिुंबन करतै।

7 ्‍पर मनशहद लगतै,

परकड़ववसलगतै।

8 अपनघर ड़कर भटकनमनउस पकसमै,

अपनोंसलड़कर उड़ता-िरतै।

9 और इतमन आनिकरतैं,

िदय िकल

मनहर सममति मन आनिकरतै।

10 अपनिऔर अपनििगना,

और अपनिपति समय अपनघर ा;

रहनअपिकट रहनपड़उततम ै।

11 , िबन और दय रसन्‍कर,

तब ैं अपनिंकरनों उततर सकूँा।

12 िपति आतखकर समझदमनिै,

परसमझ बढ़चलैं

और ि उठैं।

13 अजनबजमनत वस्‍,

और परदजमनत वसिरवरख े।

14 यदि उठकर अपनपड़शबआशै,

उस पड़िवह समझै।

15 वरिितर टपकना,

और झगड़पत्‍ों एक समैं;

16 उस ्‍कनऐसहवकन

अपनिपकड़ना।

17 ा, करतै,

ि, अपनिरतै।

18 खभकरतै,

वह उसकफल एगा;

और अपनकरतै,

वह समएगा।

19 हररतििंिकरतै,

मनमन मनरतििंिकरतै।

20 अधऔर िशलकभ्‍नहीं े,

मनें कभ्‍नहीं ीं।

21 ाँऔर भटो,

मनउसकरशपरखै।

22 ओखलें लकर अनसल े,

िउसकखतउससनहीं ी।

23 अपनड़-बकरिों दशभली-ाँि े,

और अपनपशुंपर े;

24 धन-सपति सदनहीं रहती,

और जमतक बनरहतै।

25 जब कट ै, और नई उगनलगतै,

और पहों इकटिै,

26 तब मनवस्‍िोंे,

और बकरों एगा।

27 बकरिों पर्‍ा,

िससऔर घर्‍ि

और िों षण ा।

Estes versículos te tocaram? Ore agora!

+581 estão orando agora.

Junte-se à corrente de oração.

Veja também