सेवले दिह
1 पुण सेवल्या कालाम केठीण दिह आवती ज्यो तु सोमजी ले। 2 काहाकाय माणहे कोपटी, लोबी, मोठलाय केरनारे, मोठाय, चिहटा केरनारे, आईख आबाख ने मान नाह मेलनारे, उपकाराह एर नाह केरनारे, एठा, 3 गीण नाह केरनारे, माफ नाह केरनारे, चुगली केरनारे, सोता पोर काबु नाह केरनारे, विरोदी, हाजालान दुसमोन, 4 बुरहो तोड़नारे, पिटारा, मोठाय माय फुलनारे, एने बोगवानाह मोंग केरनारे नाह पुण मोज मोचती होदणारे रेती। 5 ता बोक्तीन वेह ते देरती, पुण तान सेक्तीह नाय मानती; ओहला माणहा हेऱ्या रेन सेटा रिज्यो।