मन को फाड़ो
12 "फिर भी अब," याहवेह का कहना है,
"तुम सारे जन उपवास करते
और रोते और विलाप करते मेरे पास लौट आओ."
13 अपने कपड़ों को नहीं,
अपने मन को फाड़ो.
याहवेह, अपने परमेश्वर के पास लौट आओ,
क्योंकि वे अनुग्रहकारी और करुणामय,
क्रोध करने में धीमा और बहुतायत से प्रेम करनेवाले हैं,
विपत्ति भेजने में कोमलता दिखाते हैं.