17 जिस आँख तै कोए अपणे बाप नै अनादर की नजर तै देक्खै,
अर अपमान कै गैल अपणी माँ की बात ना मान्नै,
उस आँख नै तराई के काग खोद-खोदकै लिकाड़ैगें,
अर उकाब के बच्चें खा जावैंगे।
17 जिस आँख तै कोए अपणे बाप नै अनादर की नजर तै देक्खै,
अर अपमान कै गैल अपणी माँ की बात ना मान्नै,
उस आँख नै तराई के काग खोद-खोदकै लिकाड़ैगें,
अर उकाब के बच्चें खा जावैंगे।