20 तब यूसुफ के स्वामी ने उसे पकड़कर उस बंदीगृह में डलवा दिया, जहाँ राजा के कैदियों को रखा जाता था। अत: वह वहाँ उस बंदीगृह में रहा।
बंदीगृह में यूसुफ
21 परंतु यहोवा यूसुफ के साथ रहा और उसने उस पर करुणा की, तथा उसने उसे बंदीगृह के दारोगा की दृष्टि में कृपा का पात्र बनाया।