22 मय वहां रह्य क तोरो सी मिलतो रहूं; अऊर इस्राएलियों लायी जितनी आज्ञाये मोख ख तोख देनो होय, उन सभी को बारे म पश्चाताप को ढक्कन को ऊपर सी अऊर उन करूबों को बीच म सी, जो गवाही चिट्ठी को सन्दूक पर होना, तोरो सी बात-चित करतो रहूं।"
22 मय वहां रह्य क तोरो सी मिलतो रहूं; अऊर इस्राएलियों लायी जितनी आज्ञाये मोख ख तोख देनो होय, उन सभी को बारे म पश्चाताप को ढक्कन को ऊपर सी अऊर उन करूबों को बीच म सी, जो गवाही चिट्ठी को सन्दूक पर होना, तोरो सी बात-चित करतो रहूं।"