Pular para o conteúdo
Publicidade

सूक्ति संग्रह 20

1 खमधठटकरना, तथखमधहलमचै;

और यकि इनकरभें ै, वह िि ै.

2 भय िंदह़-समै;

उसकउकसै, ततों ठतै.

3 आदरणवह यकि, कलह और िों रहतै,

झगड़ाू, वसै.

4 आलसििसमय पर हल नहीं तता;

और कटनसमय पर उपज टनै, वहां नहीं रहा.

5 मनमन ें िििां गहरगर समैं,

नवउनें िहर सकतै.

6 अनअपनउतकरतखड़े े,

िंएक सचयकि ि्‍ै?

7 धरजन िकलवन ै;

उसकआनें धनैं.

8 य-सिंसन पर िजम

अपनि ांै.

9 यह कर सकतै, "ैंअपनदय पविकर िै;

ैं ूं"?

10 हवसमकअसम

और असमपद ैं.

11 एक िियह भव ै, ि वह अपनलचलन अपनिषतलकषण रकट कर े,

ि उसकगतििि धततथपविरतओर अथवनहीं?

12 , ननि, तथ, खनििििगए ैं,

हवििैं.

13 ींें गरें ा;

अपनरखि जन भरपरहे.

14 हक ियह अवशकहतै, "अचनहीं यह मगी!"

िंवहां टकर वह अनों समकअपनउतखरबड़ाकरतै.

15 वरऔर ूंकमनहीं ै,

लभ रतों समलभ ैं उद.

16 िअनजऋण नत ै, वह अपनवसतक ठतै;

जब अनजयकिों नत लगे, तब रतिि रकें उसकवसरख े.

17 छल ्‍िगयजन उस यकि बड़ा िलगतै,

िंें वह ि उसककड़ों भर गयै.

18 िजनिि मरगत परमर;

तब उपयि्‍कर रखो.

19 आतमविै;

तब ऐसबकवगति रहनभलै.

20 अपनिऔर अपनै,

उसकपक धकिि ें एगा.

21 ें सरलतवक और रत

्‍पति ततखदयक नहीं ी.

22 मत कहो, "ैं इस अनरतिअवशूंा!"

हवििअवसर रतकरो, वहटककरेंे.

23 असमहवसमकपद,

तथछलपिलतै.

24 जब मनचलनहवठहरै,

तब यह भव ि हम अपनगतिििों वयसमझ सकें?

25 जलदबें रभिसमरिकरनएक ै,

ोंि ततपशयकि मननत ें िकरनलगतै!

26 िों अलग करतै;

और िउन पर ांवनपहिचलै.

27 मनआतहवरजवलिवह ै,

िसकरकें वह उसकमन सब ों कर ैं.

28 रदतथसचरकिरखतैं;

तथिपकषपउसकिंसन िरतै.

29 उनकें ै,

और वरियकि उसकसफों ें.

30 िअनिवह रह,

यल कर े; ़ों मन वचकर ै.

Estes versículos te tocaram? Ore agora!

+581 estão orando agora.

Junte-se à corrente de oração.

Veja também