9 "ओमन ऊपर हाय, जेमन अपन रचइया ले झगरा करथें,
ओमन कुछू नो हंय, पर भुइयां म
माटी के बरतन के कुटामन के बीच बरतन के कुटा अंय।
का माटी ह कुम्हार ले कहिथे,
‘तें का बनात हस?’
का कारीगर के बनाय चीज ह कहिथे,
‘कुम्हार के तो हांथमन नइं एं’?
9 "ओमन ऊपर हाय, जेमन अपन रचइया ले झगरा करथें,
ओमन कुछू नो हंय, पर भुइयां म
माटी के बरतन के कुटामन के बीच बरतन के कुटा अंय।
का माटी ह कुम्हार ले कहिथे,
‘तें का बनात हस?’
का कारीगर के बनाय चीज ह कहिथे,
‘कुम्हार के तो हांथमन नइं एं’?