1 "मह अपनआप ल ओमन ऊपर परगट करव, जऊन मन मर बर म नइ पछन;
ओमन मल प गन, जऊन मन मल नइ खजत रहन।
ओ जत क मनख, जमन मर नव ल नइ पकरन,
ओमन ल मह कहव, ‘दखव, म इह हव, म इह हव।’
1 "मह अपनआप ल ओमन ऊपर परगट करव, जऊन मन मर बर म नइ पछन;
ओमन मल प गन, जऊन मन मल नइ खजत रहन।
ओ जत क मनख, जमन मर नव ल नइ पकरन,
ओमन ल मह कहव, ‘दखव, म इह हव, म इह हव।’