1 मे याकुब, भगवान अने मालीक ईसु मसी नो पावर्यो। मे तमने आहयी चीट्ठी लीखु जे रीवण्या-तीवण्या हय्न आखा देस मे री र्या। तमु वारला से के?
2 ए मारा भायु अने बेनेह, जत्यार तमु भात-भाती नी वेला मे पड़ो, ता ईने पुरी खुसी नी वात ह़मजो, 3 आहयु जाणीन के तमारा भरहा ने परखायवा सी गम पयदा हये। 4 तमु धीरज ने तीनु काम पुरु करवा देवो, के तमु पुरा अने चोखला हय जावो; अने तमारी मे कानी बी वारली वात नी कसर नी रेय। 5 पण कदी तमारी माय्न कोय पांह बी अक्कल नी कमी हय ता, भगवान सी मांगो। जे आखा ने मोकळे मन सी अने दया सी आपण्यो से; अने तीहयो तमने आपहेन आपहे। 6 पण तमु सण्का कर्या वगर भरहो करीन अक्कल मांगजो, काहाके सण्का करवा वाळो ते दर्या मे आव्वा वाळी झलक नी तेम से, जे वाहळा मे एथीन-एथी उछळ्या करे। 7 तीने कदी बी आहयी आह नी करवा जोवे के मालीक भणी गेथु मने कंय जड़हे। 8 भगवान पोर सण्का करवा वाळो माणेह ते बे मन वाळो रेय, अने आखी वात मे टेकलो नी रेय।
9 जे गरीब भरहो करन्या भाय से, तीहया उचा जागा नी खुसी करे। 10 अने मालदार माणेह नी दसा चारा ना फुल नी तेम से। अने तीनु फुल चीमाय्न पड़ जाय। 11 दाड़ो उगे अने जबर तोप लागे, अने चारो ह़ुक जाय अने तीनु फुल पड़ जाय, अने तीनी ह़ोबा जती रेय; आने रीते मालदार माणेह बी आपणो काम करते-करते कादा मे भेसकाय जहे।
12 जुगाळो से तीहयो माणेह जे पारख मे बी टेकलो रेय, काहाके खरलो नीकळीन जीवाय नी तीहयी पागड़ी हात करहे, जीनो वायदो भगवान आपणा मोंग करवा वाळा सी करलो से। 13 पारख मे पड़े ता आहयु नी केवा जोवे, के "भगवान पारख मारी जीवाय मे लायो।" काहाके भगवान ने कोय बी पाप नी कराड़ सके, अने भगवान बी कोयने नी पारखे। 14 पण काना बी माणेह आह़फी लालच नी लारे पड़ीन अने फसीन पारख मे पड़ जाय। 15 अळतेण हाय भारेपोगे हय्न पाप ने पयदा करे अने पाप वद जाय ता मोत ने पयदा करे।
16 ए मारा मोंगाळ्ळा भायु, अने बेन्या आह़फा ने धोको ना देवो। 17 काहाके आखी वारली चीज अने वारलो वाटो अने एक वारलो दान उपर सी जड़े, वीजाळा ना बाह भणी गेथु जड़े, जीनी मे नी ते कंय बदलाव हय सके, अने नी अदल-बदल ना कारण सी तीनी पोर छाञो पड़े। 18 भगवान आह़फा मरजी सी आमने सच्चाय ना बोलु नी लारे बणायो, काहाके आमु तीनी बणावली चीज मे सी एक भाती ना पेला फोळ हये।
19 ए मारा मोंगाळ्ळा भायु अने बेनेह, आहयी वात तमु जाण लेवो, आखा माणहु ह़मळवा नी लेदे तीयार अने बोलवा मे धीरा अने रीह करवा मे धीरा हयो। 20 काहाके कोय बी माणेह नी रीह, भगवान ना वारला काम नो नीयाव नी कर सके। 21 एतरे आखी मोयाळ्ळी वात ने, अने कुहराय ने छेटी कर देवो। अने तीहया बोलु ने आह़फा नी जीवाय मे नीचळा हय्न आवरी लेवो; काहाके आहयो खरलो बोल तमारी आत्मा ने छुटकारो आप सकत्लो।
22 बाखीन ह़मळवा वाळा एतरात ना बणो, ता तमु आह़फा ने धोको दी र्या, पण तीनी पोर चालवा वाळा बणो। 23 जे कोय भगवान ना बोल ते ह़मळे, पण भगवान ना बोलु नी अनसारे नी जीवे; तीहयो तीहया माणहु ह़रकु से, जे आह़फा ना मोडा ने आरहा मे देखे। 24 अने आह़फा ना मोडा नो मोळ काडे वगर तत्यारुत जत रेय, अने आह़फा ना मोडा नो सीको वीहरी जाय। 25 पण जे माणेह, छुटकारा ना चोखला कायदा पोर मन लगाड़तो रेय, तीहयो आह़फा ना काम मे आनी लेदे संयबरकत जड़हे के तीहयो ह़मळीन भुले नी, पण तीसमेत काम करे।
26 कदी कानो माणेह भक्ती करन्यो से ईसम मान लेय, अने आह़फा नी जीप ने आह़फा ना कब्जा मे नी राखे, ता तीहयो आह़फा ना मन ने धोको देय, एतरे भक्ती करवा फालतु से। 27 आपणा बाह भगवान नी अगळ चोखली अने वारली भक्ती आहयी से के वीखावाळा अने रंडायला बयरा ना दुख मे, तीमनी खबर लेवो। अने आह़फा ने कळी गेथो वण-गुनाळ्ळा राखो।