17 किजोकि हर रोड़ू वरदान, ते हर रोड़ू दान इश्शे बाजी परमेशरेरे तरफांए, ज़ैनी सैरी लौआं (यानी दिहाड़ी चाँदनी, तारे) बनेइं। परमेशर हमेशा अक्कां ज़ेरोए, तै छावरो ज़ेरो न बेदलो।
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17 किजोकि हर रोड़ू वरदान, ते हर रोड़ू दान इश्शे बाजी परमेशरेरे तरफांए, ज़ैनी सैरी लौआं (यानी दिहाड़ी चाँदनी, तारे) बनेइं। परमेशर हमेशा अक्कां ज़ेरोए, तै छावरो ज़ेरो न बेदलो।