18 सर्वनाश के पूर्व अहंकार,
तथा ठोकर के पूर्व घमंड प्रकट होता है.
19 निर्धनों के मध्य विनम्र भाव में रहना
दिन के साथ लूट की सामग्री में सम्मिलित होने से उत्तम है.
18 सर्वनाश के पूर्व अहंकार,
तथा ठोकर के पूर्व घमंड प्रकट होता है.
19 निर्धनों के मध्य विनम्र भाव में रहना
दिन के साथ लूट की सामग्री में सम्मिलित होने से उत्तम है.