35 ईसम करीन घणा ढेरका माणहु ना मन गलत वीच्यार उजन्ता हय जहे, अने तने आसम लागहे के तारा जीव मे लग तलवार भराय जी।"
35 ईसम करीन घणा ढेरका माणहु ना मन गलत वीच्यार उजन्ता हय जहे, अने तने आसम लागहे के तारा जीव मे लग तलवार भराय जी।"