5 ज़ुंण तम्हां लै असली झ़ूरी डाहा,
सह नैरा-समझ़ाऊआ मुंहैं बोली।
6 साथी-संघी सका तम्हां लै काठअ बी बोली, सह आसा तम्हां लै भलअ,
पर दुशमण ज़ै तम्हां लै मल़्हैची दैए, तेतो डाहै धैन!
5 ज़ुंण तम्हां लै असली झ़ूरी डाहा,
सह नैरा-समझ़ाऊआ मुंहैं बोली।
6 साथी-संघी सका तम्हां लै काठअ बी बोली, सह आसा तम्हां लै भलअ,
पर दुशमण ज़ै तम्हां लै मल़्हैची दैए, तेतो डाहै धैन!