Pular para o conteúdo
Publicidade

यशायाह 23

िषण

1 िषय ें वचनतरजहों , , करो; ोंि वह उजडगया; वहाँ घर और शरण ै! यह उनकििों ें रगट गई ै। 2 समिकट रहनों, िनकसमिों धन भर िै, रहो! 3 अन, और नदउपज महगर उसकिलती, ोंि वह और िों िा। 4 , लजिो, ोंि समअरसमयह कहै, "ैंकभरसव ़ा और लक जनिा, और ों और िों ै।" 5 जब समिें पहुँे, तब नकर कट ें पड़ेंे। 6 समिकट रहनों , , करो! कर तर7 यह रसननतभरनगरनकबसी, िसकाँउसबसने? 8 गदपर ी, िसकिे, और िसकमहजन भर ें रतििे, उसकििसनऐसि ै? (यहे. 28:1,2,6-8) 9 यहऐसि ि समसरव घमणकर और रतििों अपमकरव10 तरििों, नदसमअपनें , अब अवरनहीं रहा। 11 उसनअपनसमपर बढ़ाकर ों ििै; यहकनिों करनआजै। 12 और उसनकहै, ", रषी, िरसननहीं; उठ, कर ििों ा, परनवहाँ िा।"

13 कसदिों 23:13 कसदिों ो: यह एक अतयधिमहतवपपद ोंि इसमें पर आनआपददरगयै।, वह ि अब रही; अशउस गलजनबना। उनोंबनअपनमट बनऔर जभवनों िा, और उसकखणडहर कर िा। 14 तरजहों, , , करो, ोंि उजडगयै। 15 उस समय एक िों अनसततर वरतक िसररहा। सततर वरतनपर समलगा। 16 िसरा, कर नगर ें , भलाँि बजा, बहा, िससिकरें। 17 सततर वरतनपर यहि ा, और वह ििकमपर मन लगकर धरतभर सब ों िकरेंी। (रका. 17:2) 18 उसकि, और उसकिकम, यहिपविएगी; वह भणें रखएगचय एगी, ोंि उसकि उनीं ें आएगयहमनरहकरेंे, ि उनकभरपजन और चमकवसिे।

Estes versículos te tocaram? Ore agora!

+581 estão orando agora.

Junte-se à corrente de oração.

Veja também