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येरेमियाह 45

ि

1 ियहियहइयिय-कवरें जब भवियदवकििएक तक ें िखनििा, उसिखनिकहा: 2 ", इसएल परमवर, हव, ियह ै: 3 मनकहा, , िपर! हव़ा पर िै; ैं करहते-करहतथक ूं और ्‍नहीं ै.’ 4 ें उससयह कहना, यह हवै: यह ि ैं वह सब वसकर ूंा, िैंिििै. िैंििै, उसैं अलग कर ूंा; अरो. 5 िं, अपनििि ें ो? मत करयह . ोंि ैं सभमनों पर सरवनआनपर ूं, यह हवै, िंैं वन ें मगसदूंा, कहीं .’ "

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