20 अक्कल वाळो माणेह कां से? युहदी-धरम ह़ीकाड़न्या कां से? अने कां से जखड़ी पड़न्या? भगवान आहयी कळी ना माणहु नी अक्कल ने रीकामी नी बणायो ह़ु?
21 भगवान आनीन करते आसम कर्यो काहाके भगवान नी अक्कल नी अनसारे आहयी कळी ना माणहु आह़फाम नी अक्कल ना लारे भगवान ने नी ओळख्या। ता भगवान ने आहयुत गमे के जे कुरुस नी काहणी ने माणहु अमथी ह़मजे, तीहयात कुरुस नी काहणी ने परच्यार करावीन तीहयी काहणी पोर भरहो करन्या ने छुटकारो आपे।