16 फेर उसनै कह्या, "वसन्त ऋतु म्ह दिन पूरे होण पै आगले साल तू एक बेट्टा छात्ती तै लगावैगी।" जनान्नी नै कह्या, "हे मेरे प्रभु! हे परमेसवर के भगत इसा न्ही, अपणी दास्सी नै धोखा ना दिए।"
16 फेर उसनै कह्या, "वसन्त ऋतु म्ह दिन पूरे होण पै आगले साल तू एक बेट्टा छात्ती तै लगावैगी।" जनान्नी नै कह्या, "हे मेरे प्रभु! हे परमेसवर के भगत इसा न्ही, अपणी दास्सी नै धोखा ना दिए।"