11 इस्से तरियां वो नम्र माणसां नै ऊँच्ची जगहां पै बिठावै सै, अर शोक का पहरावा पैहरे होए माणस ऊँच्चे पै पोहचकै बचै सै।
11 इस्से तरियां वो नम्र माणसां नै ऊँच्ची जगहां पै बिठावै सै, अर शोक का पहरावा पैहरे होए माणस ऊँच्चे पै पोहचकै बचै सै।