5 तम्हैं करै आपणैं परमेशर बिधाता लै आपणअ सारअ मन्न, प्राण अर आपणअ सारअ ज़ोर लाई झ़ूरी।6:5 मोत्त. 22:27; मार्क. 12:30; लूक. 10:27 6 बिधाते बधान अर बिधी ज़ुंण मंऐं आझ़ खोज़ी लाऐ, तिंयां लोल़ी तम्हैं आपणैं दिलै सदा आद डाहै।6:6 बधा. 11:18-20 7 इना डाहै तम्हैं आपणैं शोहरू-माठै का भिई-भिई बोली खोज़ी। हर बगत करनी तिन्नां संघै एते ई बारै गल्ला, घअरै-बणैं, हांढदी-फिरदी, बैल़ी सुत्तदी अर दोत्ती उझ़दी करै तम्हैं एते ई बारै गल्ला। 8 एता डाहै तम्हैं जंतरी-पत्री दी लिखी संघा डाहै आपणैं नल़ै अर दोहरी भृहुंई मांझ़ै माथै दी बान्हीं नछ़ैणा ज़िहै ताकि तम्हां सदा आद रहे। 9 इना बधाना डाहै तम्हैं आपणैं दुआरे द्रींडा अर नगरीए प्रऊल़ी दी लिखी।
Publicidade