अब्राम की बुलाहट
1 प्रभु अब्राम से कही, "अपने देस, रिस्तेदार, और अपने दऊवा को घरबार छोड़कै बौ देस की जमीन मैं चले जा, जो मैं दिखांगो।
4 जब अब्राम पचहत्तर साल को भौ, तौ प्रभु के कहने मैं बौ हारान देस कै चल पड़ो; और संग मैं लूत भी बाके संग चल पड़ो।
मिस्र देस मैं अब्राम
10 जब कनान के देस मैं सूखा पड़ो, और बौ इत्तो भयानक रहै कि अब्राम थोड़ी समय बितान के ताहीं तरिहाँए कै मिस्र देस मैं चले गौ। 11 जब बौ मिस्र की सरहद पार करन बारो रहै, तौ बौ अपनी बईय्यर सारा से कही, "तू एक सुगड़ बईय्यर है। 12 और जब मिस्री लोग तोकै देखंगे, तौ समझ जांगे कि तू मेरी बईय्यर है, और बे मोकै मार डारंगे, और तोकै जिंदो छोड़ देंगे। 13 लेकिन तैं उनसे जौ कहिये कि मैं जाकी बहेनिया हौं; तौ जौ बजह से मोकै जिंदो छोड़ देंगे और मेरे संग अच्छो बर्ताव करंगे।"