पाप की शरुआत
1 यहोवा परमेसवर नै जितने जंगळी-पशु बणाए थे, उन सारया म्ह तै साँप मक्कार था, अर उसनै जनान्नी तै पूच्छया, "के सच म्ह ए परमेसवर नै कह्या सै, ‘के थम इस बाग के किसे दरखत का फळ ना खाईयों’?" 6 जनान्नी नै देख्या के उस दरखत का फळ खाण म्ह आच्छा, अर देखण म्ह मनोहर, अर बुद्धि देण कै खात्तर चाहण लायक भी सै, फेर उसनै उस म्ह तै तोड़कै कुछ खाया; अर कुछ अपणे पति तै भी दिया, जो उसकै गेल्या था दोनुआ नै मिलकै खाया।
15 अर मै तेरै अर इस जनान्नी कै बीच म्ह, अर तेरै वंश अर इसकै वंश कै बीच म्ह बैर पैदा करुँगा, अर वो तेरे सिर नै कुचळ देगा, अर तू उसकी एड्डी नै डसैगा।"
20 आदम नै अपणी घरआळी का नाम हव्वा3:20 हव्वा इब्रानी भाषा म्ह हव्वा का मतलब जीवन सै धरया; क्यूँके जितने माणस जिन्दा सैं उन सारया की मूलमाता वाए होई।