Pular para o conteúdo
Publicidade

उत्पत्ति 7

जहि

1 यहकहा, "अपणपरिजहा; ूँमन्‍इस णसां ििांधरिै। 2 नवरां त-स़े, िनर अर िे: अर अशनवरां ो-िे, िनर अर ा: 3 अर अकिाँ ी, नर अर त-स़े िे, िनर अर िे, उनकि बचकधरतउपपर िरहवै। 4 ूँइब िधरतलगिअर ीं बरसा; अर ितनमन्‍बणउन रयधरतििुँा।" 5 यहकम िकरया।

6 िजल-परलय धरतआया, ा। 7 अपणळकां, घरआळअर बहसम, बचण तर जहिा। 8 , अर अश्‍नवरां ै, िाँ, 9 अर जमेंगण आळजनी, ो-ो, िनर अर ा, जहि, िपरमसवर कम िा। 10 िधरतआण ी।

जल-परलय

11 िउमें सरमहि्‍सतरहवाँ िआया, उसिबड़े गहरसमदर ें िकड़े अर अकझरलगे। 12 अर इस तरिां ििअर लगधरतबरसदरहा। 13 उसिििबरसण अपण, , अर , अर अपणघरआळी, अर ्‍बहसम, 14 अर उनकएक-एक ि गळी-नवर, अर एक-एक ि घरपशु, अर एक-एक ि धरतेंगण आळे, अर एक-एक ि उडआळी, जहगए15 िवन ाँां ो-जहगए16 अर गए, परमसवर कम िि िाँ नर अर गएयहजहदरबबनकर िा।

17 ितक धरतजल-परलय रहा; अर घणबढगया, िसतजहधरतउपपर उठण ा, अर धरत्‍उठ ा। 18 बढे-बढधरतत-ए बढा, अर जहउपपर-उपपर िरदरहा। 19 धरतघणबढा, इतणबढधरतितनबड़े-बड़े पहे, बगे। 20 पह़ां पनरह 7:20 पन्द्रह हाथ 7 मीटर उपपर बढा, अर पहगए21 अर ी, घरपशु, गळी-नवर, अर धरत्‍लण आळी, अर ितनव-जनधरतघणभरगे, े, अर णस मरगे। 22 धरतरहण आळहरिितनां वन ाँी, मर िे। 23 धरतरहण आळहरिी, इन, नवर, ेंगण आळजनु, अर अकी, धरतिटगे; ि, अर ितनउसकजहे, बचगे। 24 अर धरतएक पचितक रहा।

Estes versículos te tocaram? Ore agora!

+581 estão orando agora.

Junte-se à corrente de oração.

Veja também