1 इन बात्तां कै बाद इसा होया, के मिस्र देश के राजा कै प्याण आळे अर पकाणआळे नै अपणे माल्लिक कै बिरुध्द कोए अपराध करया। 2 फेर फिरौन नै अपणे उन दोन्नु हाकिमां, यानिके प्याण आळे के प्रधान, अर पकाणआळे के प्रधान पै छो म्ह होकै 3 उननै कैद कराकै, अंगरक्षकां कै प्रधान कै घर कै उस्से जेळ म्ह गेर दिया, जड़ै यूसुफ कैदी था। 4 फेर अंगरक्षकां कै प्रधान नै उन ताहीं यूसुफ कै हाथ सौंप्या, अर वो उनकी सेवा-पाणी करण लाग्या; इस करकै वे कुछ दिन तक जेळ म्ह रहे। 5 मिस्र देश कै राजा का प्याण आळा अर पकाण आळा, जो जेळ म्ह बन्द थे, उन दोनुआ नै एक ए रात म्ह, अपणे-अपणे साथ होण आळे बरताव कै मुताबिक, सपना देख्या। 6 सबेरै जिब यूसुफ उनकै धोरै भित्तर गया, तो उनपै जिब यूसुफ नै निगांह करी, तो वो के देक्खै सै, के वे उदास सैं। 7 इस करकै उसनै फिरौन कै उन हाकिमां तै, जो उसकै गेल्या उसकै माल्लिक कै घर के जेळ म्ह थे, उसनै पूच्छया, "आज थारे मुँह क्यूँ उतररे सैं?" 8 उननै उसतै कह्या, "हम दोनुआं नै सपना देख्या सै, अर उनका फळ बताण आळा कोए भी कोनी।" यूसुफ नै उनतै कह्या, "के सपनां का फळ बताणा परमेसवर का काम कोनी? मन्नै अपणा-अपणा सपना बताओ।"
9 फेर प्याण आळां का प्रधान अपणा सपना यूसुफ नै बताण लाग्या: "मन्नै सपने म्ह देख्या, के मेरै स्याम्ही एक अंगूर की बेल सै; 10 अर उस अंगूर की बेल म्ह तीन डाळी सैं; अर उस म्ह जणु कली लागरी सैं, अर वे फूलीं अर उसकै गुच्छां म्ह अंगूर लागकै पकगे। 11 अर फिरौन का कटोरा मेरै हाथ म्ह था; अर मन्नै उन अंगूरां ताहीं लेकै फिरौन कै कटोरे म्ह निचोड़या अर दाखरस का कटोरा फिरौन कै हाथ्थां म्ह दिया।" 12 यूसुफ नै उसतै कह्या, "इसका फळ यो सै: तीन डाळियाँ का मतलब तीन दिन सैं 13 इस करकै इब तै तीन दिन कै भित्तर फिरौन तेरा सिर ऊँच्चा करैगा, अर फेर तै तेरे पद पै तेरे ताहीं नियुक्त करैगा, अर तू पैहल्या की ढाळ फिरौन का प्याण आळा होकै उसका दाखरस का कटोरा उसकै हाथ म्ह फेर दिया करैगा। 14 इस करकै जिब तेरा भला हो ज्या तो मन्नै याद करिये, अर मेरै पै दया करकै फिरौन तै मेरा जिक्र करिये, अर इस जेळ तै मन्नै छुड़वा दिये। 15 क्यूँके साच्चए मेरे ताहीं इब्रानी देश म्ह तै चुराकै ल्याया गया सूं, अर उरै भी मन्नै कोए इसा काम कोनी करया, जिसकै कारण मै इस जेळ म्ह गेरया जाऊँ।"
16 यो देखकै के उसकै सपना का फळ आच्छा लिकड़या, पकाणआळां कै प्रधान नै यूसुफ तै कह्या, "मन्नै भी एक सपना देख्या सै, वो यो सै: मन्नै देख्या, के मेरे सिर पै सफेद रोट्टी की तीन टोकरी सै 17 अर उप्पर की टोकरी म्ह फिरौन कै खात्तर सारी ढाळ की पकी पकाई चीज सैं; अर पंछी मेरे सिर पै धरी टोकरी म्ह तै उन चिज्जां नै खाण लागरे सैं।" 18 यूसुफ नै कह्या, "इसका फळ यो सै: तीन टोकरियाँ का मतलब तीन दिन सै। 19 आज तै तीन दिन कै भित्तर फिरौन तेरा सिर कटवाकै तन्नै एक दरखत पै टंगवा देगा, अर पंछी तेरे माँस नै नोच-नोच कै खावैंगे।"
20 अर तीसरे दिन फिरौन का जन्म दिन था, उसनै अपणे सारे कर्मचारियाँ ताहीं भोज दिया, अर उन म्ह तै प्याण आळां कै प्रधान, अर पकाणआळां कै प्रधान दोनुआ ताहीं जेळ तै लिकड़वाया। 21 प्याण आळां के प्रधान नै तो प्याण आळे कै पद पै फेर तै नियुक्त करया, अर वो फिरौन कै हाथ्थां म्ह दाखरस का कटोरा देण लाग्या। 22 पर पकाणआळां के प्रधान ताहीं फिरौन नै टंगवा दिया, जिसा के यूसुफ नै उनके सपन्यां का फळ उनतै कह्या था। 23 फेर भी प्याण आळां कै प्रधान नै यूसुफ ताहीं याद न्ही करया; अर उस ताहीं भूल ग्या।