1 ग्यारवा साल ना पेल्ला मयना ना पेल्ला दाड़े यहोवा नो आहयो बोल मारीन्तां पुग्यो: 2 "ए माणेह नी अवल्यात," सोर ह़ेर जे यरुसलेम ना बारा मे आसम केदलु से, ओहोय! ओहोय! जे देस-देस ना माणहु ना झापलान तेवु हतु, तीहयु खत्तम हय ज्यु! तीनी उजड़ जवा सी में भर-पुर हय जही।
3 आहया कारण सी भगवान यहोवा आसम केय: ए सोर ह़ेर, देख, में तारा वीरोद मे से; अने आसम करही के घणा ढेरका राज्य तारा वीरोद मे आसम उठहे जेम दर्या नी लेहर उठे। 4 तीहया सोर नु भीतड़ु ने ओदारहे, अने तीना उचा गुम्मट ने तोड़ देहे; अने में तीनी पोर गेथो तीनो कादो खुरचीन तीने मानो नांगरला चाफर्या बणाय देही। 5 तीहयु दर्या नी वच मे जाळ फेलाव्वा वाळी जागा बण जहे; काहाके भगवान यहोवा आसमेत केय, अने तीने राज्य-राज्य लुट लेहे; 6 अने तीना जे सोर्या मेदान मे से, तीने तलवार वेर मारहे। ता तीहया जाण लेहे के में यहोवा से।
7 "काहाके भगवान यहोवा आहयु केय: देख, में सोर ह़ेर ना वीरोद मे आखा सी वारला राजा मतलब बेबीलोन ना राजा नबुकदनेस्सर ने घोड़ा, घोड़ागाड्या, घोड़ा पोर बहण्या, मोट्ली भीड़, अने टोळा भेळ धुराव भणीन गेथो लावही। 8 तारा जे सोर्या मेदान मे हय, तीमने तीहयो तलवार वेर मारहे, तीहया तारा वीरोद मे घेराबन्दी नी दीवाल बणावहे अने हालर बांदहे; अने ढाळ उचलहे। 9 तीहयो तारु भीतड़ु ने तोड़वा करीन झुमायवा ना हत्यार वेर देहे अने तारा गुम्मटु ने फरसा वेर ओदार देहे। 10 तीना घोड़ा एतरा रेहे, के तु तीना सरड़ा मे ढकाय जही, अने जत्यार तीहयो तारा झापले आसम भरायहे जेम माणहु नाका वाळा ह़ेर मे भराय, ता तारी दीवाल घोड़ा पोर बहण्या, अने छेकड़ा गाडा, अने घोड़ागाड्या नी अवाज सी काप उठहे। 11 तीहयो तीना घोड़ा ना टापरा वेर तारी आखी ह़ड़क ने रोंदळी देहे, अने तारी मे रेवा वाळा ने तलवार वेर मार नाखहे, अने तारा ताखत वाळा खम्बा भोयमे पाड़ देहे। 12 माणहु तारु धन लुटहे अने तारा वेपारी नु ह़मान हापक लेहे; तीहया तारी दीवाल ने ओदार देहे अने तारु घटाळ्ळु घोर ने ओदार देहे; तारा दगड़ा अने लाकड़ा, अने तारो कादो तीहया दर्या मे नाख देहे। 13 में तारा गीतु ना रींग ने बंद करही, अने अळतेण तारा तम्बुरा नी अवाज अळी नी ह़मळाय। 14 में तने नांगरला चाफर्या बणाय देही; तु जाळ फेलाव्वा वाळो जागोत बण जही, अने अळतेण सदा उजाड़ बणीन रेहे; काहाके में यहोवात आहयु केदलो से, भगवान यहोवा आसम केय।"
15 "भगवान यहोवा सोर ने आसम केय: तारी पड़वा नी अवाज सी जत्यार घाव लागला माणहु कंजारहे अने तारी मे मोतेत मोत हयहे, ता ह़ु टापु नी काप उठे? 16 ता दर्या नी धेड़े ना देस ना आखा मुख्या माणहु आह़फा-आह़फाम नी राजगादी पोर गेथा उतरहे, अने आह़फाम ना राजा ना नाम्बला डगला अने हात वेर बणावला घटाळा करला लुगड़ा नीकाळीन थतरता जीन दुखी ना लुगड़ा पेरहे, अने भोयमे बहीन टेम-टेम पोर कापहे; अने तारा कारण सी वहरायहे। 17 तीहया तारा बारा में दुख नु गीत बणाय्न तने केहे, ‘गरा आय पड़े! ढुंड्या चलाड़वा वाळा नु वहाड़लु गरा आय पड़े! नामह़ाद्याण ह़ेर जे दर्या नी वच मे रेवा वाळा भेळ ताखत वाळु र्यु अने आखा थांगवा वाळा ने बीहाड़वा वाळु ह़ेर हतु, तु केवु खत्तम हयलु से। 18 तारा पड़वा ना दाड़े टापु काप उठहे, अने तने खत्तम हयवा ना कारण सी आखा टापु घबराय जहे।’
19 "काहाके भगवान यहोवा आसम केय: जत्यार में तने ह़ुनह़ान ह़ेर ने तेम उजाड़ करही अने में तारी पोर मोट्ली दर्या लावही, अने तु उंडला पाणी मे डुब जही, 20 ता में खाडा मे अने पड़वा वाळा नी ह़ाते तने बी आड़ा-बुड़ा माणहु मे उतार देही; अने खाडा मे अने पड़वा वाळा नी ह़ाते मे तने बी पताळ मे मेकीन पेल्ना वारा ना उजड़ला जागान तेम कर देही; आञे तक के तु पासु नी वहे अने नी जीवाय ना जागा मे कोय जागो जड़े। 21 में तने घबरायवा नो कारण बणावही, अने तु आव्वा वाळा दाड़ा मे नी रेय, ह़ोदवा पोर बी तारो पतो नी चाले, भगवान यहोवा आसमेत केय।"