1 "ज़ै तम्हां मांझ़ै कुंण दालता दी एही शुची गल्ले शाजत दैणैं का सोह खाई करै बी हुधिए ज़ुंण तेऊ आपणीं आछी हंदी भाल़ी, सह बी आसा पाप अर तेते भेटणीं तेऊ सज़ा।
2 "तेऊ मणछा लै बी आसा दोश ज़ुंण भूला-बिस्सरा तिन्नां मूंऐं दै ज़ीबा छ़ुंए ज़ुंण छ़ोतलै आसा, सह निं मेरी स्तोती करी सकदअ।
3 "तेऊ मणछा लै बी आसा दोश ज़ुंण भूला-बिस्सरा बी मणछा का निखल़ी दी बधाने साबै छ़ोतली च़िज़ा छ़ुंए।
4 "सह मणछ बी आसा दोशी ज़ुंण बाझ़ी सोठी-समझ़ी किज़ू भली या बूरी गल्ला लै सोह खाए।
5 "ज़ेभै बी तम्हां का इहअ थोघ लागे कि तम्हां लै आसा इना एही गल्ला मांझ़ै किज़ी गल्लो दोश, सह मनै तेऊ आपणैं किऐ दै कर्मा कि तेऊ किअ पाप। 6 सह आणै हेल़्ही मांझ़ै आपणैं पापो मोल एक भेड़, कि आणै बाकरी। संघा करै प्रोहत तेता पाप बल़ी लै बल़ीदान, इहअ करै हणैं तेऊए पाप माफ।
7 "ज़ै कुंण मणछ इहअ गरीब होए कि सह निं भेड़-बाकरी दैई सकदअ, सह आणै तै दूई कबूतर, कि आणै दूई पालल़ी। तिन्नां मांझ़ै करनअ एक पाप माफी लै पाप बल़ीदान अर दुजअ करै मुंह बिधाता लै हूम बल़ीदान।
8 "इना दुही पंछ़ी दैऐ प्रोहता का, सह करै एक मुखा पाप माफी लै पाप बल़ी अर तेते मुंडकी करै गल़ा का मरोक्की करै ज़ुदी, 9 तेतो धख लोहू छ़ल़िकै बेदीए कुछी बाखा अर बाकी लोहू पोछै बेदी हेठै पाऊआ दी। 10 तेखअ करै प्रोहत काईदे साबै तेऊ दुजै पंछ़ी हूम बल़ी।
"इहअ करै हणअ तेऊ मणछै किअ द पाप माफ।
11 "ज़ै कुंण एतरअ गरीब होए कि सह निं कबूतर अर पालल़ी बी दैई सकदअ, सह आणै होछ़अ पणअ पाथअ कणको पिठअ। अह हणअ मुखा पाप माफी मांगणा लै पाप बल़ी, तेथ निं सह तेल पाई अर नां तेथ धूप डाही। 12 तेऊ पिठै निंयैं प्रोहता सेटा लै, प्रोहत पाऐ एक मुठ हूमा जैंदरी, अह हणअ ऐहा गल्ला आद करना लै कि सह सारअ पिठअ आसा मुंह बिधाता लै। 13 एही दोश बल़ी लै करै प्रोहत थारै पापो प्राश्त, च़ाऐ इना मांझ़ै सह कोहै बी पाप होए। बाकी पिठअ ज़ुंण रहे, सह आसा प्रोहतो ज़िहअ नाज़ बल़ीओ बधान आसा।"
14,15 तेखअ बोलअ बिधाता मोसा लै इहअ, "ज़ै कहा मणछे भूला-बिस्सरा पाप करी बिधाता लै विश्वास घात होए, सह आणै दोश बल़ी लै भेडा-बाकरीए हेल़्ही मांझ़ा का एक गाभू ज़ेथ किछ़ै खोट निं होए, कि दैऐ तेते बदल़ै तेऊ गाभूओ मोल च़ंदीए सिक्कै, ज़ेतरअ च़लणें साबै प्रोहत खोज़े। 16 एता का लाऊआ ज़हा पबित्र च़िज़े बारै तेऊ पाप किअ तेतो पांज़ूअ निसब दैऐ सह प्रोहता लै होर। तेखअ करै प्रोहत तेऊ गाभू दोश बल़ीदान करी पापो प्राश्त अर इहअ करै हणैं तेऊ मणछे पाप माफ।
17-19 "ज़ै कुंण मणछ भूला-बिस्सरा मंऐं बिधाता खोज़ै दै बधाना मनणा लै च़ूक करे, तेऊ बी लागणअ दोश अर तेते सका तेऊ सज़ा भुगतणी पल़ी। ज़ेभै तेऊ आद फिरे कि तेऊ किअ किज़ै इहअ पाप। सह आणै एक भेडा-बाकरीए हेल़्ही मांझ़ा का एक गाभू प्रोहता सेटा लै ज़ेथ किछ़ै खोट निं होए, कि दैऐ सह तेऊ एकी गाभूओ मोल। प्रोहत करै तेऊ दोश बल़ी लै बल़ीदान अर इहअ करै हणअ तेऊ मणछो सह पाप माफ।"