1 जेबे तूँ केसी परदानो साथे रोटी खाणे बैठे,
तेबे ये गल्ल मन लगाई की सोचणी कि मां सामणे कुण बैठी रा?
2 जे ताखे जादा पूख लगी री ओ,
तो तेस बखते तू सब्र राखी की थोड़ा जा ई खाई की उठी जाया।
3 जो स्वाद खाणे री चीजा ताखे देणे लगी रा तिजी रा लाल़च नि करना,
कऊँकि ऊई सकोआ से ताखे फसाणे री कोशिश करने लगी रा ओ।
4 अमीर ऊणे खे जादा मईणत नि करनी,
आपणी समजा रा परोसा छाडणा।
5 कऊँकि तेरा कमाया दा तन तांते एकी पला दे चली जाणा,
से तांगा गे ते अचाणक ईंयाँ चली जाणा जिंयाँ कोई उकाब पंछी पंख फलाई की ऊबे सर्गो रिया तरफा खे उडी जाओआ।
6 केसी कँजूसो रे कअरे जाईकी तेसरा स्वाद खाणा नि खाणा,
ओर तेसरा स्वाद खाणा देखी की तिजी रा लाल़च नि करना;
7 कऊँकि से आपणे मुंए ते तो बोलोआ की ओर खाई लो, ओर लई लो,
पर से मनो दे सोचोआ, "ओर मत खा" कऊँकि से खाणे रे मोलो रे बारे दे सोचदा रओआ।
से ताखे बोलो तो अया कि खा पी, पर तेसरा मन तां साथे नि ए लगेया रा।
8 जेबे तुसा खे तेसरिया सोचा रे बारे दे पता चलणा तो तुसा खाया दा ग्रा बी उगल़ी देणा,
ओर तुसा आपणियां मीठिया गल्ला रा फल खोई देणा।
9 मूर्खो सामणे नि बोलणा,
नई तो तेस तेरी बुद्धिया रिया गल्ला रा आदर नि करना।
10 दूजेया री जमीन आपणे कब्जे रे करने खे पुराणिया सिऊँआ नि बढ़ाणिया, ओर ना ई अनाथा रे डोरूआ खे लणा,
11 कऊँकि तिना खे छुड़ाणे वाल़ा यहोवा सामर्थी ए;
तिना रा मकद्दमा तां साथे तेस ई लड़ना।
12 आपणे सखाणे वाल़े रिया शिक्षा पाँदे त्यान दे,
ओर तेसरिया सिखाईया दिया बुद्धिया रिया गल्ला खे सिखणे री कोशिश कर।
13 बच्चेया खे सुदारने रिया तँईं तिना खे थिड़कदे रणा,
कऊँकि जे तूँ तेसखे डण्डे साथे बाएगा तो से नि मरना बल्कि तां से बुराईया ते बचाणा।
14 तां तेसरे डण्डा बायी की तेसरे प्राण नाश ऊणे ते बचाणे।
15 ओ मेरे पाऊआ,
जे तूँ अक्लमंद ओ, तो खास करी की मेरा ई मन खुश ऊणा।
16 जेबे तूँ सीदिया गल्ला बोलेगा, तो मेरा ई मन खुश ऊणा।
17 तूँ पापिया रे बारे मनो रे ईर्ष्या नि करना,
पूरा दिन यहोवे रा डर मानदे रणा।
18 जे तू एड़ा करेगा तो बादो ते ताखे खुशी मिलणी, ओर परमेशरो तेरी सारिया इच्छा पुरिया करनिया।
19 सुण, ओ मेरे पाऊ, समजदार बण,
ओर तां केड़ा जीवन जीऊणा एतेरे बारे दे सोच-विचार कर।
20 शराब पीणे वाल़ेया साथे नि बैठणा,
ओर ना ई जादा मास खाणे वाल़ेया साथे रणा।
21 कऊँकि शराबी ओर पेटू माणूं आपणा ई पाअग खोए,
ओर सेयो गरीब ऊणे ओर तिना खे चिथड़े ई पईनणे पड़ने।
22 आपणे बाओ री गल्ल मानणी,
ओर जेबे तेरी माये स्याणी ऊई जाओ, तेबे बी से नक्कमी नि जाणनी।
23 बुद्धिया रिया गल्ला खे सिखणे री कोशिश कर,
ओर खरी शिक्षा ओर समजा खे आसिल कर ओर तिना खे कदी नि खोया।
24 तर्मी पाऊए रे माये-बाओ बऊत खुश रओए;
सेओ आपणे अक्लमंद पाऊए पाँदे कमण्ड करी सकोए।
25 कुछ एड़ा कर की तेरे माये-बाओ खुश रओ,
26 ओ मेरे पाऊ, आपणा मन मेरी तरफा खे लगा,
ओर तेरी नजर मेरे चाल-चलणो पाँदे लगी री रओ।
27 कऊँकि वेश्या ओर बगानी जवाणसा खड्डे ओर कुएँ जेड़िया ठईरोईया;
इदे तुसे गिरी सकोए।
28 से डाकूए जेड़ी ताका रे रओई,
ओर बऊत सारे माणूं तेसा रिया बजा ते आपणियां लाड़िया खे तोखा देओए।
29 कुण बोलोआ, हाय? कुण बोलोआ, हाय, हाय? कुण लड़ाई-चगड़े रे फसोआ?
कुण बक-बक करोआ? केसरे बिना बजा ते जख़्म ओए? केसरिया आखी लाल ऊई जाओईया?
30 ये तिना रिया जो देरा तक अंगूरा रा रस पींदे रओए,
ओर जो मसाला मिलेया रा अंगूरा रा रस टोल़ने खे ओरे-पोरे जाओए।
31 जेबे शराब लाल दिशोई ओर कटोरे दे तिजी रा सुन्दर रंग ओआ,
ओर जेबे तिजी री सीदी ताअर लगाई की ग्लासो दे लटोए, तेबे से नि देखणी।
32 कऊँकि बादो ते से सापो जेड़ा डसोई,
ओर करैत सापो जेड़ा कटोई।
33 कऊँकि अंगूरा रा रस पीणे ते बाद तां नऊखिया चीजा देखणियां,
ओर उल्टी सीदिया गल्ला बकदे रणा।
34 तूँ समुद्रो बीचे लेटणे वाल़ा,
ओर मस्तूलो रे सिरे पाँदे सऊणे वाल़े जेड़ा रणा।
35 तां बोलणा कि मैं मार तो खाई, पर दु:खी नि ऊआ;
आऊँ कूटेया तो अया, पर माखे कोई ओश नि थी।
आऊँ ओशा रे कदी आऊँ? मां तो फेर शराब टोल़नी।