1 मेंह यहोवा ला ऊंचहा अवाज म पुकारथंव;
मेंह यहोवा ला दया करे बर जोर से गोहारथंव।
2 मेंह ओकर आघू म अपन सिकायत ला खुलके बताथंव;
ओकर आघू म मेंह अपन समस्या ला बताथंव।
3 जब मोर आतमा ह मोर भीतरे-भीतर बियाकुल होथे,
तब तेंहीच ह मोर दसा ला देखथस।
जऊन रसता म मेंह चलथंव, ओ रसता म
मनखेमन मोर बर फंदा लगाय हवंय।
4 देख, मोर जेवनी कोति कोनो नइं एं;
मोर कोनो चिंता नइं करंय।
मोर कोनो सरन-स्थान नइं ए;
कोनो मोर जिनगी ऊपर धियान नइं देवंय।