3 कबरक तर मय ह जनग ल जद बन अय, मर मह ह तर महम करह। 4 जब तक मह जयत हव, मह तर परसस करह, अऊ तर नव क महम म मह अपन हथ उठह।
3 कबरक तर मय ह जनग ल जद बन अय, मर मह ह तर महम करह। 4 जब तक मह जयत हव, मह तर परसस करह, अऊ तर नव क महम म मह अपन हथ उठह।