1 यहोवा न्यू कहवै सै: "अकास मेरा सिंहासन अर धरती मेरे चरणा की चौक्की सै; थम मेरै खात्तर किसा भवन बणाओगे, अर मेरे आराम की कौण सी जगहां होवैगी?" 2 यहोवा की या वाणी सै, ये सारी चीज मेरे ए हाथ की बणाई होई सैं, इस करकै ये सब मेरी ए सैं। पर मै उसे की ओड़ ध्यान करुँगा जो दीन अर दुखी मन का हो, अर मेरा वचन सुणकै थरथरान्दा हो।
3 "बळध का बलि करण आळा माणस के मार देण आळे कै बराबर सै; जो भेड़ का चढ़ाण आळा सै वो उसकी तरियां सै जो कुत्ते का गळा काटै सै; जो अन्नबलि चढ़ावै सै वो मान्नो सूअर का लहू चढ़ाणआळे की तरियां सै; अर जो लोबान जळावै सै, वो उसकी तरियां सै जो मूरत नै धन्य कहवै सै। इन सारया नै अपणा-अपणा राह चुण लिया सै, अर घिनोणी चिज्जां तै उनके मन खुश होवै सैं। 4 इस करकै मै भी उनकै खात्तर दुःख की बात लिकाड़ूंगा, अर जिन बात्तां तै वे डरै सैं उन ताहीं ए उनपै ल्याऊँगा; क्यूँके जिब मन्नै उन ताहीं बुलाया, जिब कोए न्ही बोल्या, अर जिब मन्नै उनतै बात करी, फेर उननै मेरी ना सुणी; पर जो मेरी नजर म्ह बुरा था वोए वे करदे रहे, अर जिसतै मै नाखुश होऊँ था उस्से ताहीं उननै अपणाया।"
5 थम जो यहोवा का वचन सुणकै थरथराओ सो यहोवा का यो वचन सुणो: "थारे भाई जो थारे तै बैर राक्खै अर मेरे नाम कै मुताबिक थमनै अलग कर देवै सैं उननै कह्या सै, ‘यहोवा की महिमा तो बढ़ै, जिसतै हम थारा आनन्द देखण पावां;’ पर उननै शर्मिन्दा होणा पड़ैगा।"
6 "सुणो, यरुशलेम नगर तै शोर-सराबे की धूम! मन्दर तै एक शब्द, सुणाई देवै सै! वो यहोवा का शब्द सै, वो अपणे बैरियाँ नै उनकी करणी का फळ देण लाग रहया सै!"
7 यहोवा परमेसवर न्यू कहवै सै, "मेरा पवित्र शहर यरुशलेम उस एक औरत की तरियां सै जिसकी जाम्मण की पीड़ा उठण तै पैहलाए उसनै जन्मा दिया; उसकै दर्द होण तै पैहलाए उसतै बेट्टा जाम्या। 8 इसी बात किसनै कदे सुणी? किसनै कदे इसी बात देक्खी? के देश एके दिन म्ह पैदा हो सकै सै? के एक जात पलभर म्ह ए पैदा हो सकै सै? क्यूँके सिय्योन की जाम्मण की पीड़ा उठी ए थी के उसतै औलाद पैदा होगी। 9 यहोवा कहवै सै, के मै उसनै जन्माण के बखत तक पोंहचाकै ना जन्माऊँ? तेरा परमेसवर कहवै सै, मै जो गर्भ देऊँ सूं के मै कोख बन्द करुँ?"
10 "हे यरुशलेम तै सब प्रेम राक्खण आळेयो, उसकै गैल आनन्द करो अर उसकै कारण मगन हो; हे उसके बारै म्ह सब विलाप करण आळेयो उसके गैल खुश होओ! 11 जिसतै थम उसके शान्तिरूपी स्तन तै दूध पी-पीकै छिक जाओ; अर दूध पीकै उसकी महिमा की बहुतायत तै भोत सुखी हो।"
12 क्यूँके यहोवा न्यू कहवै सै, "देक्खो, मै उसकी ओड़ शान्ति नै नदी की तरियां, अर जात्ति-जात्ति के धन नै नदी की बाढ़ की तरियां बहा दियुँगा; अर थम उसतै पीओगे, थम उसकी गोद म्ह ठाए जाओगे अर उसके घुटन्या पै कुदाए जाओगे। 13 जिस तरियां माँ अपणे बेट्टे नै शान्ति देवै सै, उस्से तरियां मै भी थमनै शान्ति देऊँगा; थमनै यरुशलेम म्ह ए शान्ति मिलैगी। 14 थम यो देक्खोगे अर खुश होवोगे; थारी सारी हाड्डी घास की तरियां हरी-भरी होवैगीं; अर यहोवा का हाथ उसके दास्सां कै खात्तर प्रगट होवैगा, अर उसके दुश्मनां कै उप्पर उसका छो भड़कैगा।"
15 "क्यूँके देक्खो, यहोवा आग कै गैल आवैगा, अर उसके रथ बवण्डर के होवैंगे, जिसतै वो अपणे छो नै जळजळाहट के गैल अर अपणी चेतावनी नै भस्म करण आळी आग की लपट तै जाहिर करै। 16 क्यूँके यहोवा सब प्राणियाँ का न्याय आग तै अर अपणी तलवार तै करैगा; अर यहोवा के मारे होए घणे होवैंगे।"
17 "जो माणस खुद नै इस करकै पवित्र अर शुद्ध करै सैं के बारियाँ म्ह जावै अर मूरतां नै पूज्जै किसे कै पाच्छै खड़े होकै सूअर या चूहे का माँस अर दुसरी घृणित चीज खावै सैं, वे एके साथ नाश हो जावैंगे, यहोवा की याए वाणी सै।"
18 "क्यूँके मै उनके काम अर उनकी कल्पना, दोन्नु आच्छी तरियां तै जाणु सूं; अर वो बखत आवै सै जिब मै सारी जातियाँ अर अलग-अलग भाषा बोलण आळयां नै कठ्ठा करुँगा; अर वे आकै मेरी महिमा देखैगें। 19 मै उन म्ह एक निशान्नी दिखाऊँगा; अर उनके बचे होया नै मै उन जातियाँ कै धोरै भेज्जूँगा जिननै ना तो मेरी खबर सुणी सै अर ना मेरी महिमा देक्खी सै, यानिके तर्शीशियां शहर अर धनुर्धारी पूलियों अर पूत देश का, लूदियां देश कै धोरै, अर तूबलियां देश अर यूनानियाँ अर दूर द्वीपवासियाँ कै धोरै भी भेज दियुँगा अर वे जात्ति-जात्ति म्ह मेरी महिमा का बखान करैंगे। 20 जिस तरियां इस्राएली माणस अन्नबलि नै शुद्ध पात्र म्ह धरकै यहोवा के भवन म्ह ले आवै सैं, उस्से तरियां वे थारे सारे भाई-बन्धुआं नै जातियाँ तै घोड़यां, रथां, पालकियां, खच्चरां अर साँड़णियाँ पै चढ़ा-चढ़ाकै मेरे पवित्र पर्वत यरुशलेम पै यहोवा की भेंट कै खात्तर ले आवैंगे, यहोवा का योए वचन सै। 21 अर उन म्ह तै मै कुछ माणसां नै याजक अर लेवीय पद कै खात्तर भी चुण ल्यूँगा।"
22 "क्यूँके जिस तरियां नया अकास अर नई धरती, जो मै बणाण पै सूं, मेरै स्याम्ही बणी रहवैगी, उसे तरियां थारा वंश अर थारा नाम भी बण्या रहवैगा; यहोवा की याए वाणी सै।"
23 "फेर इसा होवैगा के एक नये चाँद तै दुसरे नये चाँद के दिन ताहीं अर एक विश्रामदिन तै दुसरे विश्रामदिन तक सारे प्राणी मेरै स्याम्ही दण्डवत करण नै आया करैंगे; यहोवा का योए वचन सै।" 24 "फेर मेरे लोग लिकड़कै उन माणसां की लाशां पै जिननै मेरे तै बलवा करया निगांह करैंगे; क्यूँके उन म्ह पड़े होए कीड़े कदे न्ही मरैगें, उनकी आग कदे न्ही बुझैगी, अर सारे माणसां नै उनतै भोत घणी नफरत होवैगी।"