मूर्तियों की निरर्थकता और परमेश्वर की विश्वसनीयता1 हे यहोवा, हमारी नहीं, हमारी नहीं, वरन् अपने ही नाम की महिमा, अपनी करुणा और सच्चाई के निमित्त कर।
मूर्तियों की निरर्थकता और परमेश्वर की विश्वसनीयता1 हे यहोवा, हमारी नहीं, हमारी नहीं, वरन् अपने ही नाम की महिमा, अपनी करुणा और सच्चाई के निमित्त कर।