विश्वास की घोषणा
1 यहोवा मेरी ज्योति और मेरा उद्धार है;
मैं किस से डरूँ27:1 मैं किस से डरूँ: वह मेरी रक्षा करे तो किसी में शक्ति नहीं कि मेरा प्राण हर ले: परमेश्वर में विश्वास करनेवालों के लिए वह गढ़ एवं दृढ़ बल है, और वे सुरक्षित रहते हैं। ?
यहोवा मेरे जीवन का दृढ़ गढ़ ठहरा है,
मैं किसका भय खाऊँ?
2 जब कुकर्मियों ने जो मुझे सताते और मुझी से
बैर रखते थे,
मुझे खा डालने के लिये मुझ पर चढ़ाई की,
तब वे ही ठोकर खाकर गिर पड़े।
3 चाहे सेना भी मेरे विरुद्ध छावनी डाले,
तो भी मैं न डरूँगा; चाहे मेरे विरुद्ध लड़ाई ठन जाए,
उस दशा में भी मैं हियाव बाँधे निश्चित रहूँगा।