Publicidade

Salmos 30

धनयवथन

भवन रतििऊद भजन

1 यहा, ैं सरूँोंि

ींचकर िै,

और शतपर

आननकरननहीं िा।

2 परमवर यहा,

ैंऔर िै।

3 यहा, अधें िै,

िरख

और कबें पडबच30:3 और कबें पडबचै: अरउसकिपर वरनवह कबुँिगया।

4 िसयो!

यहि करो,

और िपविउसकमरण ै,

उसकधनयवकरो।

5 ोंि उसक, षण भर ै,

परनउसकरसननतवन भर 30:5 उसकरसननतवन भर ै: उसकरवि ें वन ै। वह वन रकषक ै, वह ्‍वत वन ै।

कदिपड़े,

परनसवआननपहुँा।

6 ैंअपनसमय कहा,

ि ैं कभनहीं टलना।

7 यहा, अपनरसननतपह

और ििा;

जब अपनि

तब ैं घबरगया।

8 यहा, ैंा;

और रभिि़ाकर यह िनती, ि

9 जब ैं कबें चलतब

ा?

िधनयवकर सकतै?

वह िवसनयतरचकर सकतै?

10 यहा, , पर दयकर;

यहा, सहयक ो।

11 ििें बदल ा;

उतरवकर कमर ें आनन30:11 उतरवकर कमर ें आनन: ैंपहनकमर ें कसुःरतऔर िदरै।

पटाँ;

12 ि मन भजन रह

और कभो।

परमवर यहा,

ैं सरवदधनयवकरतरहूँा।

Veja também

Bíblia Online Bíblia Online

Bíblia Online • Versão: 2026-07-04_23-13-58-