प्यासा मन परमेश्वर में तृप्त
1 हे परमेश्वर, तू मेरा परमेश्वर है,
मैं तुझे यत्न से ढूँढ़ूगा;
सूखी और निर्जल ऊसर भूमि पर63:1 सूखी और निर्जल ऊसर भूमि पर: अर्थात् जैसे सूखी भूमि में कोई प्यासा हो वैसे मेरी आत्मा परमेश्वर के लिए तरसती है। ,
मेरा मन तेरा प्यासा है, मेरा शरीर तेरा अति अभिलाषी है।