1 हर एक स्थिति में मैं याहवेह को योग्य कहता रहूंगा;
मेरे होंठों पर उनकी स्तुति-प्रशंसा के उद्गार सदैव ही बने रहेंगे.
2 मेरी आत्मा याहवेह में गर्व करती है;
पीड़ित यह सुनें और उल्लसित हों.
3 मेरे साथ याहवेह का गुणगान करो;
हम सब मिलकर याहवेह की महिमा को ऊंचा करें.