4 मंऐं मांगअ बिधाता का एक्कै बरदान,
हुंह च़ाहा सिधअ इहअ कि
मुंह रहणअ सारी ज़िन्दगी बिधाते घअरै,
ताकि हुंह तिधी कबल्ली बिधाते महान भलाई भाल़ूं
अर बिधाता का हर बगत सलाह मांगूं।
4 मंऐं मांगअ बिधाता का एक्कै बरदान,
हुंह च़ाहा सिधअ इहअ कि
मुंह रहणअ सारी ज़िन्दगी बिधाते घअरै,
ताकि हुंह तिधी कबल्ली बिधाते महान भलाई भाल़ूं
अर बिधाता का हर बगत सलाह मांगूं।