संगीत निर्देशक के लिये. दावीद का एक स्तोत्र.
1 याहवेह, मैंने आप में ही शरण ली है;
मुझे कभी लज्जित न होने दीजिए;
अपनी धार्मिकता के कारण हे परमेश्वर, मेरा बचाव कीजिए.
2 मेरी पुकार सुनकर,
तुरंत मुझे छुड़ा लीजिए;
मेरी आश्रय-चट्टान होकर मेरे उद्धार का,
दृढ़ गढ़ बनकर मेरी रक्षा कीजिए.
3 इसलिये कि आप मेरी चट्टान और मेरा गढ़ हैं,
अपनी ही महिमा के निमित्त मेरे मार्ग में अगुवाई एवं संचालन कीजिए.
4 मुझे उस जाल से बचा लीजिए जो मेरे लिए बिछाया गया है,
क्योंकि आप ही मेरा आश्रय-स्थल हैं.
5 अपनी आत्मा मैं आपके हाथों में सौंप रहा हूं;
याहवेह, सत्य के परमेश्वर, आपने ही मुझे मुक्त किया है.